रायपुर। छत्तीसगढ़ में विज्ञान एवं अनुसंधान गतिविधियों को नई दिशा देने की पहल के तहत प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने रायपुर स्थित विज्ञान केंद्र का निरीक्षण कर छत्तीसगढ़ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद (सीजी कॉस्ट) की केंद्रीय प्रयोगशाला सुविधाओं का जायजा लिया। उन्होंने प्रयोगशालाओं के आधुनिकीकरण, संसाधनों के विस्तार और गुणवत्ता उन्नयन के लिए आवश्यक निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान प्रमुख सचिव ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा के मार्गदर्शन में आगामी दिसंबर में रायपुर में प्रस्तावित राष्ट्रीय साइंस म्यूजियम आयोजन की तैयारियों की भी समीक्षा की। इस राष्ट्रीय आयोजन में देशभर के साइंस सेंटर भाग लेंगे।
समीक्षा बैठक में उन्होंने विज्ञान केंद्र की लाइब्रेरी को आधुनिक बनाने, प्रयोगशालाओं को अत्याधुनिक तकनीकों से सुसज्जित करने तथा शोध और नवाचार गतिविधियों को बढ़ावा देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विज्ञान भवन को राज्य में अनुसंधान, विज्ञान और नवाचार का उत्कृष्ट केंद्र बनाया जाए।
प्रमुख सचिव ने परिषद की वैज्ञानिक सुविधाओं का लाभ विश्वविद्यालयों, महाविद्यालयों, शोधार्थियों और विद्यार्थियों तक पहुंचाने पर जोर दिया। साथ ही विज्ञान केंद्रों की गतिविधियों का सोशल मीडिया के माध्यम से व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश भी दिए।
उन्होंने विज्ञान भवन के लिए आईएसओ प्रमाणन प्राप्त करने, प्रस्तावित साइंस सिटी परियोजना में तेजी लाने, आवश्यक मानव संसाधन विकसित करने और अगले दो वर्षों की विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। साथ ही वैज्ञानिक उपकरणों और भवनों के नियमित रखरखाव के लिए समयबद्ध योजना बनाने पर भी बल दिया।
इस अवसर पर सीजी कॉस्ट के महानिदेशक प्रशांत कवीश्वर सहित परिषद के वरिष्ठ वैज्ञानिक और अधिकारी उपस्थित रहे।
