रायपुर से नवा रायपुर तक सफर करने वाले लोगों के लिए बड़ी राहत की खबर है। आने वाले महीनों में दोनों शहरों के बीच 40 इलेक्ट्रिक बसों का संचालन शुरू होने जा रहा है। इससे सरकारी दफ्तरों में कार्यरत अधिकारी-कर्मचारियों के साथ-साथ आम यात्रियों को भी बेहतर और सुविधाजनक परिवहन सेवा मिलेगी।
करीब 7 से 8 वर्षों से लंबित ई-बस संचालन की योजना अब जमीन पर उतरने जा रही है। नवा रायपुर अटल नगर विकास प्राधिकरण ने इस महत्वाकांक्षी परियोजना के लिए टेंडर प्रक्रिया पूरी कर ली है। जानकारी के मुताबिक कंपनी को 73.80 रुपये प्रति किलोमीटर की दर से निविदा प्रदान की गई है। अगले 2 से 3 महीनों के भीतर बसों के सड़कों पर उतरने की संभावना जताई जा रही है।
प्राधिकरण द्वारा कंपनी के साथ 10 वर्षों का अनुबंध किया गया है। इसके साथ ही परियोजना के लिए बुनियादी ढांचे के विकास का काम भी तेज कर दिया गया है।
चीचा क्षेत्र में आधुनिक बस डिपो का निर्माण कार्य शुरू हो चुका है। यहां बसों की मरम्मत के लिए वर्कशॉप बनाई जाएगी और इलेक्ट्रिक बसों की चार्जिंग की विशेष व्यवस्था रहेगी। बसों की निगरानी के लिए कंट्रोल रूम भी स्थापित किया जाएगा, जहां से लाइव मॉनिटरिंग की जाएगी।
सभी ई-बसों को सीसीटीवी कैमरा और जीपीएस सिस्टम से लैस किया जाएगा। यात्रियों की सुविधा के लिए बसों के अगले और पिछले हिस्से में डिजिटल डिस्प्ले लगाए जाएंगे, जिनमें डेस्टिनेशन और अगले स्टॉप की जानकारी दिखाई देगी।
जानकारी के अनुसार रायपुर से नवा रायपुर तक यात्रा के लिए अधिकतम किराया 45 रुपये तक रखा जा सकता है। ये बसें रायपुर रेलवे स्टेशन, आरंग, अभनपुर और माना क्षेत्र तक संचालित की जाएंगी।
ई-बसों के संचालन से न केवल लोगों को बेहतर सार्वजनिक परिवहन सुविधा मिलेगी, बल्कि प्रदूषण नियंत्रण और पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा।
