रायपुर। रायपुर जिला लोक संस्कृति सेवा, भजन, फाग एवं जसझांकी समिति की ओर से जुड़वास प्रतियोगिता के संबंध में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में गुरुजन, रचनाकार, समिति के पदाधिकारी, सदस्य, विभिन्न मंडलियों के प्रतिनिधि तथा आयोजक समितियों के सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
बैठक में प्रतियोगिता के बेहतर संचालन को लेकर विस्तृत चर्चा हुई। सभी उपस्थित सदस्यों ने इस बात पर जोर दिया कि प्रतियोगिता में प्रत्येक मंडली को मंच मिले तथा किसी भी आयोजक समिति का मंच खाली न रहे। कार्यक्रमों का संचालन सुव्यवस्थित और निरंतर रूप से होता रहे, इसके लिए आवश्यक व्यवस्थाओं पर भी विचार-विमर्श किया गया।
समिति ने आयोजक समितियों से आग्रह किया कि वे सीमित संख्या में मंडलियों को आमंत्रित करें तथा प्रत्येक मंडली को प्रोत्साहन स्वरूप कम से कम 500 रुपये की सांत्वना राशि प्रदान करें। साथ ही यदि किसी आयोजन समिति को मंच संचालक या निर्णायक की आवश्यकता हो तो समिति अध्यक्ष को आवेदन देकर इसकी व्यवस्था कराई जा सकती है।
बैठक को संबोधित करते हुए समिति के अध्यक्ष शंकर लाल विश्वकर्मा ने सभी गुरुजनों, रचनाकारों, आयोजक समितियों और मंडलियों को बधाई देते हुए बताया कि समिति के लिए सरोना में एक सर्वसुविधायुक्त भवन का निर्माण कराया जाएगा। उन्होंने बताया कि यह भवन विधायक निधि से बनने जा रहा है और इसके लिए क्षेत्र के विधायक Rajesh Munat का विशेष सहयोग प्राप्त हुआ है।
अध्यक्ष ने कहा कि भवन निर्माण से समिति की गतिविधियों को स्थायी मंच मिलेगा और लोक संस्कृति के संरक्षण एवं संवर्धन के कार्यों को और अधिक गति मिलेगी।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि जुड़वास प्रतियोगिता के समापन के बाद रायपुर में प्रदेश स्तरीय संगठन के गठन हेतु एक विशेष बैठक आयोजित की जाएगी। इस बैठक में प्रदेश के विभिन्न जिलों से जुड़े पदाधिकारी, गुरुजन और रचनाकार शामिल होंगे। प्रदेश स्तरीय संगठन के पदाधिकारियों का चयन लोकतांत्रिक प्रक्रिया के तहत चुनाव के माध्यम से किया जाएगा।
उरला में हुई पूर्व बैठक के निर्णय का उल्लेख करते हुए बताया गया कि सभी जिलों के पदाधिकारियों, सदस्यों, गुरुजनों, रचनाकारों, मंडलियों और आयोजक समितियों ने सर्वसम्मति से रायपुर में ही प्रदेश स्तरीय चुनाव कराने का समर्थन किया है। यह पहल प्रदेशभर में लोक संस्कृति से जुड़े कलाकारों और संगठनों को एक मजबूत मंच प्रदान करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
