रायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा है कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023 देश की महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक और दूरगामी निर्णय है। उन्होंने इसे 21वीं सदी के सबसे महत्वपूर्ण फैसलों में से एक बताते हुए कहा कि इससे निर्णय प्रक्रिया में महिलाओं की प्रभावी भागीदारी सुनिश्चित होगी।
मुख्यमंत्री आज राजधानी रायपुर स्थित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में आयोजित नारी शक्ति वंदन महासम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार की महिलाओं के सशक्तिकरण के प्रति प्रतिबद्धता को दोहराया।
मुख्यमंत्री ने मातृशक्ति का अभिनंदन करते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति में नारी को सर्वोच्च स्थान दिया गया है। उन्होंने कहा कि हम भगवान से पहले भगवती की पूजा करते हैं और ऐश्वर्य, ज्ञान तथा शक्ति के लिए क्रमशः लक्ष्मी, सरस्वती और दुर्गा की आराधना की जाती है।
उन्होंने कहा कि महिलाओं को आरक्षण देने के प्रयास पहले भी किए गए, लेकिन इसे प्रभावी रूप से लागू करने का साहसिक निर्णय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में संभव हो पाया। मुख्यमंत्री ने बताया कि केंद्र सरकार की विभिन्न योजनाएं जैसे बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, सुकन्या समृद्धि योजना और राज्य की महतारी वंदन योजना ने महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि राज्य में इस वर्ष को ‘महतारी गौरव वर्ष’ के रूप में मनाया जा रहा है। महतारी वंदन योजना के तहत लगभग 70 लाख महिलाओं को प्रतिमाह एक हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जा रही है, जिससे वे शिक्षा, स्वास्थ्य और आजीविका के क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं।
उन्होंने कहा कि बस्तर क्षेत्र में नक्सलवाद में कमी आई है और प्रदेश अब विकास के नए मार्ग पर अग्रसर है। नारी शक्ति वंदन अधिनियम के माध्यम से महिलाओं की भागीदारी को और मजबूती मिलेगी। कार्यक्रम में “पंचायत से पार्लियामेंट तक निर्णय में नारी—नए भारत की तैयारी” के संकल्प को दोहराया गया।
इस अवसर पर महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा कि महिलाओं की इच्छाशक्ति और दृढ़ संकल्प उन्हें बड़े निर्णय लेने में सक्षम बना रहे हैं। उन्होंने कहा कि महिलाओं को अवसर और जिम्मेदारी मिलने पर वे देश की दिशा और दशा बदल सकती हैं।
पूर्व राज्यसभा सांसद सरोज पाण्डेय ने बताया कि यह अधिनियम वर्ष 2029 तक लागू होगा, जिसके तहत लोकसभा और विधानसभा में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण प्रदान किया जाएगा।
कार्यक्रम में सांसद श्रीमती रूपकुमारी चौधरी, सांसद श्री बृजमोहन अग्रवाल, पद्मश्री ऊषा बारले, विधायक श्री पुरंदर मिश्रा, बाल संरक्षण आयोग की अध्यक्ष श्रीमती वर्णिका शर्मा, प्रसिद्ध हॉकी खिलाड़ी नीता डोंगरे सहित अनेक जनप्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
