मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ की तीन करोड़ जनता का स्वास्थ्य राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार और आमजन को सुविधाएं उपलब्ध कराने में वित्तीय संसाधन कभी बाधा नहीं बनेंगे।
मुख्यमंत्री श्री साय आज राजधानी रायपुर स्थित पं. जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज सभागार में छत्तीसगढ़–मध्यप्रदेश चैप्टर की दो दिवसीय संगोष्ठी ‘एरोकॉन 2025’ का शुभारंभ कर रहे थे। इस अवसर पर उन्होंने मेडिकल कॉलेज रायपुर के छात्रों के लिए 65 करोड़ रुपये की लागत से नए छात्रावास निर्माण की घोषणा भी की।
उन्होंने कहा कि कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे मरीज आज विशेषज्ञ चिकित्सकों और आधुनिक चिकित्सा तकनीकों से नई उम्मीद पा रहे हैं। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में प्रत्येक जिले में कैंसर डे-केयर सेंटर स्थापित किए जा रहे हैं। साथ ही एम्स रायपुर में आज ही रोबोटिक सर्जरी सिस्टम का शुभारंभ किया जा रहा है, जो सरकारी अस्पतालों की तकनीकी प्रगति का प्रमाण है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने बताया कि सरकार लगातार स्वास्थ्य बजट में वृद्धि, नए मेडिकल कॉलेजों की स्थापना और 5,000 बिस्तरों की क्षमता वाली नवा रायपुर मेडिसिटी के निर्माण पर काम कर रही है। सरगुजा, धरमजयगढ़ और बस्तर में भी नए अस्पताल खोले जाएंगे। उन्होंने विश्वास जताया कि एरोकॉन 2025 कैंसर की रोकथाम और इलाज में मील का पत्थर साबित होगी।
कार्यक्रम को विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने भी संबोधित किया। उन्होंने कहा कि मेकाहारा अस्पताल केवल छत्तीसगढ़ ही नहीं बल्कि पूरे मध्यभारत के लिए प्रमुख कैंसर उपचार केंद्र बन चुका है। भविष्य में यहां और भी अत्याधुनिक तकनीकें उपलब्ध कराई जाएंगी।
स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि मेडिकल कॉलेज रायपुर राज्य का सबसे बड़ा कैंसर सेंटर है। आने वाले समय में प्रदेश में छह फिजियोथेरेपी कॉलेज, बस्तर और सरगुजा में सुपर स्पेशलिटी अस्पताल, मानसिक रोगियों के लिए पृथक चिकित्सालय, नेचुरोपैथी कॉलेज और 232 करोड़ की लागत से मेकाहारा में 700 बिस्तरों की वृद्धि की जाएगी।
इस अवसर पर विधायक श्री पुरंदर मिश्रा, अधिष्ठाता डॉ. विवेक चौधरी, आयुष विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. पी.के. पात्रा, विशेषज्ञ चिकित्सकगण, विद्यार्थी और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित थे।
