रायपुर, 1 नवंबर 2026। छत्तीसगढ़ हॉकी लीग प्रदेश की खेल प्रतिभाओं को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाने का सशक्त माध्यम बनकर उभरी है। राजधानी रायपुर के सरदार वल्लभभाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हॉकी स्टेडियम में आयोजित छत्तीसगढ़ हॉकी लीग के समापन एवं पुरस्कार वितरण समारोह में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और केंद्रीय मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया शामिल हुए। केंद्रीय मंत्री डॉ. मांडविया ने छत्तीसगढ़ हॉकी लीग को पूरे देश के लिए रोल मॉडल बताते हुए कहा कि हॉकी भारत का गौरव है और ऐसे आयोजन देश में खेलों के विकास एवं उत्कृष्ट खिलाड़ियों के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने प्रतियोगिता की विजेता एवं उपविजेता टीमों सहित उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ हॉकी लीग प्रदेश की खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इस लीग ने प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों के खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने और राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर के अनुभवी खिलाड़ियों से सीखने का अवसर प्रदान किया है।
गांवों और जनजातीय क्षेत्रों की प्रतिभाओं को मिलेगा बेहतर अवसर
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है। प्रदेश के गांवों, जनजातीय अंचलों और दूरस्थ क्षेत्रों में अनेक प्रतिभाशाली खिलाड़ी मौजूद हैं। जरूरत है उन्हें उचित अवसर, आधुनिक प्रशिक्षण और बेहतर खेल सुविधाएं उपलब्ध कराने की। राज्य सरकार खेल अधोसंरचना के विस्तार और खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन के माध्यम से गांवों एवं दूरस्थ क्षेत्रों में छिपी खेल प्रतिभाओं की पहचान कर उन्हें प्रशिक्षण केंद्रों से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा। सरकार का उद्देश्य है कि संसाधनों के अभाव में किसी भी प्रतिभाशाली खिलाड़ी का सपना अधूरा न रह जाए।
छह टीमों ने बनाया छत्तीसगढ़ हॉकी लीग को खेल उत्सव
छत्तीसगढ़ हॉकी लीग में राजधानी रॉयल्स, न्यायधानी नाइट्स, संस्कारधानी स्ट्राइकर्स, चक्रधर चैंपियंस, बैलाडीला बुल्स और मैनपाट टाइटंस सहित छह टीमों ने भाग लिया। इन टीमों की सहभागिता ने प्रतियोगिता को प्रदेशव्यापी खेल उत्सव का स्वरूप प्रदान किया।
बस्तर से सरगुजा और रायगढ़ से राजनांदगांव तक के खिलाड़ियों को एक मंच पर खेलने, अनुभव साझा करने और अपनी खेल क्षमता को निखारने का अवसर मिला।
लीग की विशेषता प्रत्येक टीम में एक-एक ओलंपिक खिलाड़ी की सहभागिता रही। इससे युवा खिलाड़ियों को अनुभवी अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों के साथ मैदान साझा करने और हॉकी की बारीकियां सीखने का मौका मिला।
‘चलव रे संगी, हॉकी खेलबो’ बना युवाओं का प्रेरक संदेश
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ हॉकी लीग का संदेश ‘चलव रे संगी, हॉकी खेलबो’ प्रदेश के युवाओं को खेल के मैदान से जोड़ने का प्रेरक मंत्र बनकर सामने आया है।
प्रतियोगिता के मुकाबलों का प्रसारण जियोहॉटस्टार पर किया गया। हिंदी के साथ छत्तीसगढ़ी भाषा में कमेंट्री की व्यवस्था ने आयोजन को स्थानीय संस्कृति से जोड़ने का काम किया। इससे प्रदेश के खिलाड़ियों की प्रतिभा को व्यापक दर्शक वर्ग तक पहुंचने का अवसर मिला।
मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि आने वाले वर्षों में इस लीग से ऐसे खिलाड़ी सामने आएंगे, जो भारतीय हॉकी टीम की जर्सी पहनकर अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में देश के लिए पदक जीतेंगे।
हॉकी भारत की समृद्ध खेल परंपरा का गौरव : डॉ. मनसुख मांडविया
केंद्रीय मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने कहा कि छत्तीसगढ़ हॉकी लीग का आयोजन पूरे देश के लिए रोल मॉडल है। यदि सरकार में दृढ़ इच्छाशक्ति हो, तो इस प्रकार के सफल आयोजन संभव हैं। ऐसे आयोजन खेलों के विकास के साथ ही उत्कृष्ट खिलाड़ियों के निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
उन्होंने कहा कि हॉकी भारत की समृद्ध खेल परंपरा का महत्वपूर्ण हिस्सा रही है। हॉकी के जादूगर मेजर ध्यानचंद ने अपने अद्भुत खेल कौशल से पूरी दुनिया में भारत का गौरव बढ़ाया। उनकी उपलब्धियां आज भी देश के युवा खिलाड़ियों को उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए प्रेरित करती हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में खेलों के प्रति नया वातावरण तैयार हुआ है। खेलो इंडिया और फिट इंडिया जैसे अभियानों ने युवाओं में खेलों के प्रति रुचि एवं जागरूकता बढ़ाई है। आज युवा खेलों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने और उज्ज्वल भविष्य बनाने के महत्वपूर्ण अवसर के रूप में देख रहे हैं।
राष्ट्रीय खेल मानचित्र पर छत्तीसगढ़ को मिलेगी नई पहचान
केंद्रीय मंत्री डॉ. मांडविया ने विश्वास व्यक्त किया कि आने वाले वर्षों में छत्तीसगढ़ हॉकी लीग का स्वरूप और अधिक व्यापक एवं प्रतिस्पर्धात्मक होगा। यह लीग प्रदेश ही नहीं, बल्कि देश के खिलाड़ियों के लिए आगे बढ़ने का सशक्त मंच बनेगी। इससे राष्ट्रीय खेल मानचित्र पर छत्तीसगढ़ की नई पहचान स्थापित होगी।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने लीग के सफल आयोजन के लिए आयोजकों, सभी छह टीमों के खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों और सहयोगियों को बधाई देते हुए कहा कि ऐसी प्रतियोगिताएं प्रदेश में सकारात्मक खेल संस्कृति को मजबूत करने तथा युवाओं को स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
समापन समारोह में उपमुख्यमंत्री अरुण साव एवं विजय शर्मा, कौशल विकास मंत्री गुरु खुशवंत साहेब, सांसद बृजमोहन अग्रवाल तथा छत्तीसगढ़ हॉकी लीग के एंबेसडर सरदार सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
