मुख्यमंत्री Vishnu Deo Sai ने कहा है कि Somnath Temple भारत के राष्ट्रीय स्वाभिमान, सांस्कृतिक गौरव और आस्था का प्रमुख केंद्र है। उन्होंने कहा कि इतिहास में अनेक बार आक्रांताओं द्वारा मंदिर को ध्वस्त किए जाने के बावजूद इसका बार-बार पुनर्निर्माण होना देशवासियों की अटूट श्रद्धा और विश्वास का प्रतीक है।
मुख्यमंत्री ने सोमवार को रायपुर रेलवे स्टेशन से सोमनाथ ज्योतिर्लिंग के लिए रवाना होने वाली विशेष ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर सोमनाथ स्वाभिमान सांस्कृतिक यात्रा का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने प्रदेश की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली के लिए भगवान सोमनाथ से प्रार्थना की।
1000 से अधिक विशिष्टजन और कलाकार हुए रवाना
सोमनाथ स्वाभिमान सांस्कृतिक यात्रा के अंतर्गत छत्तीसगढ़ से 1000 से अधिक विशिष्टजन, पद्मश्री सम्मान प्राप्त हस्तियां, राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर के सम्मानित कलाकार, साहित्यकार और श्रद्धालु विशेष ट्रेन से सोमनाथ के लिए रवाना हुए।
यात्रा में शामिल श्रद्धालु छत्तीसगढ़ के विभिन्न शिवालयों की पवित्र माटी तथा प्रदेश की पावन नदियों का जल कलश लेकर जा रहे हैं, जिसे वे भगवान सोमनाथ को समर्पित करेंगे। यह आयोजन छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत और आध्यात्मिक परंपराओं को राष्ट्रीय स्तर पर प्रदर्शित करने का महत्वपूर्ण अवसर माना जा रहा है।
राष्ट्रीय स्मरणोत्सव के रूप में मनाया जा रहा है सोमनाथ स्वाभिमान पर्व
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री Narendra Modi के नेतृत्व में 11 जनवरी 2026 से 11 जनवरी 2027 तक पूरे देश में सोमनाथ स्वाभिमान पर्व राष्ट्रीय स्मरणोत्सव के रूप में मनाया जा रहा है। इसी श्रृंखला में विभिन्न राज्यों से सांस्कृतिक यात्राओं का आयोजन किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि आज का दिन छत्तीसगढ़ के लिए गौरव का विषय है, क्योंकि प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से आए श्रद्धालु भगवान सोमनाथ के दर्शन और सांस्कृतिक एकता के संदेश के साथ इस यात्रा में शामिल हो रहे हैं।
सरदार पटेल के योगदान का किया स्मरण
मुख्यमंत्री ने भारत के लौह पुरुष Sardar Vallabhbhai Patel को श्रद्धापूर्वक याद करते हुए कहा कि स्वतंत्रता प्राप्ति के बाद उन्होंने राष्ट्रीय एकता और सांस्कृतिक पुनर्जागरण के प्रतीक के रूप में सोमनाथ मंदिर के पुनर्निर्माण का संकल्प लिया था।
उन्होंने बताया कि लगभग 75 वर्ष पूर्व भारत के प्रथम राष्ट्रपति Rajendra Prasad ने पुनर्निर्मित सोमनाथ मंदिर का लोकार्पण किया था, जो भारतीय संस्कृति और राष्ट्रीय चेतना के पुनर्जागरण का ऐतिहासिक क्षण था।
भारत की सांस्कृतिक एकता का जीवंत उदाहरण
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ के विभिन्न धार्मिक, ऐतिहासिक और पुरातात्विक महत्व वाले शिवालयों की पवित्र माटी और नदियों के जल को लेकर की जा रही यह यात्रा भारत की सांस्कृतिक एकता और आध्यात्मिक समरसता का जीवंत उदाहरण है।
इस अवसर पर संस्कृति मंत्री Rajesh Agrawal ने कहा कि सोमनाथ धाम की यह यात्रा श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक अनुभूति के साथ-साथ भारत की समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं और राष्ट्रीय गौरव को निकट से समझने का अवसर प्रदान करेगी।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने यात्रा पर जा रहे श्रद्धालुओं से मुलाकात कर उन्हें अंगवस्त्र भेंट किए और उनकी मंगलमय यात्रा की शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर कई जनप्रतिनिधि, पदाधिकारी और वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।
