रायपुर। बस्तर ओलंपिक-2025 की संभाग स्तरीय प्रतियोगिताएं 11 से 13 दिसंबर तक बस्तर संभाग के मुख्यालय जगदलपुर में आयोजित की जाएंगी। उप मुख्यमंत्री अरुण साव और गृह एवं खेल मंत्री विजय शर्मा ने इस आयोजन की तैयारियों की समीक्षा की और सभी संबंधित विभागों को उत्कृष्ट और पुख्ता तैयारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में खेल एवं युवा कल्याण विभाग के सचिव यशवंत कुमार, संभागायुक्त डोमन सिंह, पुलिस महानिरीक्षक सुंदरराज पी. सहित बस्तर संभाग के सभी जिलों के कलेक्टर, जिला पंचायत सीईओ और खेल अधिकारी वर्चुअली शामिल हुए। उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने बैठक में कहा कि बस्तर ओलंपिक सिर्फ खेलों का आयोजन नहीं है, बल्कि यह बस्तर के युवाओं के सशक्तिकरण और नेतृत्व विकास की महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने सभी विभागों को आयोजन स्थलों, खेल प्रबंधन, आवास, साफ-सफाई, भोजन, परिवहन, सुरक्षा और सांस्कृतिक कार्यक्रमों में उत्कृष्ट व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
गृह एवं खेल मंत्री विजय शर्मा ने सभी अधिकारियों और विभागों को इस आयोजन को यादगार बनाने तथा अपनी जिम्मेदारियों का गंभीरता और सक्रियता से पालन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बस्तर ओलंपिक में ज्यादा से ज्यादा राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों की भागीदारी सुनिश्चित की जाए और पिछले विजेताओं को यूथ आइकॉन के रूप में प्रस्तुत कर अन्य प्रतिभागियों को प्रेरित किया जाए।
बस्तर जिले के प्रभारी खेल अधिकारी ऋषिकेश तिवारी ने बताया कि संभाग के 32 विकासखंडों से कुल 3 लाख 91 हजार से अधिक प्रतिभागियों ने पंजीकरण कराया था। जिला स्तरीय प्रतियोगिताओं के करीब 3,000 विजेता खिलाड़ी अब संभाग स्तरीय प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेंगे। इसके अलावा, लगभग 500 नक्सल पीड़ित और पुनर्वासित नक्सली भी इन खेलों में भागीदारी करेंगे।

संबाग स्तरीय प्रतियोगिताओं में एथलेटिक्स, तीरंदाजी, बैडमिंटन, फुटबॉल, हॉकी, वेटलिफ्टिंग, कराटे, कबड्डी, खो-खो, वॉलीबॉल और रस्साकशी जैसे 11 खेल शामिल हैं। आयोजन के दौरान फुटबॉल, वॉलीबॉल, कराटे, वेटलिफ्टिंग और बैडमिंटन की स्पर्धाएं जगदलपुर के सिटी ग्राउंड में होंगी। हॉकी के मैच पंडरीपानी स्थित खेलो इंडिया सेंटर में और कबड्डी, खो-खो, आर्चरी, एथलेटिक्स व रस्साकशी की प्रतियोगिताएं धरमपुरा स्थित क्रीड़ा परिसर में आयोजित की जाएंगी।
खेल एवं युवा कल्याण विभाग की संचालक तनूजा सलाम, उप संचालक रश्मि ठाकुर और अन्य विभागीय अधिकारी भी बैठक में मौजूद थे। दोनों उप मुख्यमंत्रियों ने सभी से आयोजन की तैयारियों में कोई कमी न छोड़ने और बस्तर ओलंपिक को सफल एवं यादगार बनाने पर विशेष जोर दिया।
