राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) के अंतर्गत जशपुर जिले के जनपद पंचायत मनोरा में बैंक लिंकेज एवं मुद्रा लिंकेज मेले का आयोजन किया गया। इस मेले में स्व-सहायता समूहों और महिला उद्यमियों को स्वरोजगार एवं आजीविका गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए 2 करोड़ 43 लाख 90 हजार रुपये की ऋण सहायता स्वीकृत एवं वितरित की गई।
कार्यक्रम के दौरान 64 मुद्रा ऋण प्रकरणों के तहत कुल 56 लाख 40 हजार रुपये के ऋण स्वीकृत किए गए। वहीं 75 स्व-सहायता समूहों को बैंक लिंकेज के माध्यम से 1 करोड़ 87 लाख 50 हजार रुपये की ऋण राशि उपलब्ध कराई गई। इस प्रकार विभिन्न योजनाओं के जरिए कुल 2.43 करोड़ रुपये से अधिक की वित्तीय सहायता प्रदान की गई।
मेले में विकासखंड मनोरा के लगभग 200 स्व-सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं ने हिस्सा लिया। इस अवसर पर महिलाओं को स्वरोजगार, उद्यमिता विकास, वित्तीय प्रबंधन और बैंकिंग सेवाओं की जानकारी भी दी गई। आयोजन का उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना और उन्हें संस्थागत वित्तीय सेवाओं से जोड़ना था।
अधिकारियों ने बताया कि बैंक लिंकेज और मुद्रा ऋण जैसी योजनाएं ग्रामीण महिलाओं के लिए आय बढ़ाने, छोटे व्यवसाय शुरू करने तथा आजीविका गतिविधियों का विस्तार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। इससे महिला समूहों की आर्थिक स्थिति मजबूत होने के साथ-साथ ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी गति मिल रही है।
कार्यक्रम में जनपद सदस्य रंजीत भगत, अमीन खान, राकेश तिवारी, रघुनाथ राम, जनपद पंचायत मनोरा के मुख्य कार्यपालन अधिकारी रवि बघेल, बिन्सेंट तिर्की, विभिन्न बैंकों के प्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में स्व-सहायता समूहों की महिलाएं उपस्थित रहीं। सभी के सहयोग से कार्यक्रम का सफल आयोजन संपन्न हुआ।
