Bihar Cabinet : बिहार की सम्राट चौधरी सरकार ने अपनी पहली कैबिनेट बैठक में 22 महत्वपूर्ण फैसले लिए, जिसमें राज्य के विकास के लिए बड़े कदम उठाए गए हैं। बैठक में कई अहम योजनाओं को मंजूरी दी गई, जिसमें 680 करोड़ रुपये की लागत से बाबा हरिहरनाथ धाम में काशी की तर्ज पर एक कॉरिडोर बनाने का फैसला शामिल है। इसके अलावा राज्य में 11 नई सैटेलाइट टाउनशिप के निर्माण का भी ऐलान किया गया है।
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की पहली कैबिनेट बैठक में किए गए बड़े ऐलान
- हरिहरनाथ धाम कॉरिडोर: राज्य के सोनपुर स्थित बाबा हरिहरनाथ धाम में काशी विश्वनाथ कॉरिडोर की तर्ज पर एक नया कॉरिडोर बनाने का ऐलान किया गया है, जिसके लिए 680 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
- नई सैटेलाइट टाउनशिप का निर्माण: बिहार के प्रमुख शहरों के आसपास 11 सैटेलाइट ग्रीनफील्ड टाउनशिप का निर्माण किया जाएगा। इन टाउनशिप में जमीन के खरीद-बिक्री पर रोक लगा दी गई है और मास्टर प्लान बनने तक कोई निर्माण कार्य नहीं किया जाएगा।
- लड़कियों की सुरक्षा के लिए पुलिस दीदी: मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने स्कूल और कॉलेज जाने वाली लड़कियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ‘पुलिस दीदी’ का गठन किया। इसके तहत 1500 स्कूटी और 3200 मोटरसाइकिलों की खरीद की जाएगी, जिसकी कुल लागत 66.75 करोड़ रुपये होगी।
- युवाओं को रोजगार के अवसर: राज्य सरकार ने 75 आईटीआई को आधुनिक कौशल केंद्र के रूप में विकसित करने का फैसला लिया है, जिसके लिए 3615 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है।
- आईआईटी पटना में अनुसंधान और नवाचार: आईआईटी पटना में अनुसंधान और नवाचार को बढ़ावा देने के लिए 344 करोड़ रुपये के पैकेज को मंजूरी दी गई है, जिसमें रिसर्च पार्क और इनक्यूबेशन सेंटर के निर्माण के लिए 305 करोड़ रुपये और 39 करोड़ रुपये की राशि आवंटित की गई है।
बिहार के विकास के लिए सरकार के अन्य फैसले
सम्राट सरकार ने राज्य के समग्र विकास के लिए कई और महत्वपूर्ण फैसले लिए हैं। इनमें आपातकालीन प्रतिक्रिया साहया प्रणाली (ERSS) और पुलिस डेटा सेंटर के निर्माण के लिए 1728 करोड़ रुपये की स्वीकृति, अग्निशमन सेवाओं के लिए 62 मीटर ऊंचे हाइड्रोलिक फायर प्लेटफॉर्म की खरीद, और विभिन्न क्षेत्रों में भूमि के अधिग्रहण जैसे प्रस्ताव शामिल हैं।
नए मंत्रिमंडल की पहली बैठक और राज्य विधानसभा में विश्वास मत
सम्राट चौधरी के मुख्यमंत्री बनने के बाद यह उनकी पहली कैबिनेट बैठक थी। बैठक में लिए गए फैसलों का उद्देश्य बिहार के विकास को नई दिशा देना है। इसके अलावा, बिहार विधानसभा का विशेष सत्र 24 अप्रैल को बुलाया गया है, जिसमें सम्राट सरकार अपना विश्वास मत सदन में पेश करेगी।
