Lizard Falling On Body: नई दिल्ली: शकुन शास्त्र में रोजमर्रा की छोटी-छोटी घटनाओं को भविष्य के संकेत के रूप में देखा जाता है। इन्हीं में से एक है शरीर पर छिपकली का गिरना। शकुन शास्त्र के अनुसार, छिपकली का शरीर के विभिन्न अंगों पर गिरना शुभ या अशुभ फल दे सकता है। खासकर कुछ जगहों पर छिपकली गिरना धन लाभ, सम्मान और सफलता का संकेत माना जाता है।
किन जगहों पर छिपकली गिरना शुभ?
शकुन शास्त्र में बताया गया है कि:
- माथे या गर्दन पर गिरना: धन-सम्पत्ति और मान-सम्मान में वृद्धि का संकेत।
- दाहिने कंधे पर गिरना: विजय और सफलता का शुभ संकेत।
- दाहिने हाथ पर गिरना: आर्थिक लाभ और तरक्की का संकेत।
- गाल, पेट और बाएं कान पर गिरना: शुभ फल देने वाला माना जाता है।
- दाएं पैर पर गिरना: यात्रा या नई शुरुआत का संकेत।
किन जगहों पर गिरना अशुभ?
- बाएं कंधे पर गिरना: नए शत्रु बनने या परेशानी का संकेत।
- सिर पर गिरना: विवाद, स्वास्थ्य समस्या या अशुभ फल का संकेत माना जाता है।
शकुन शास्त्र के अनुसार, पुरुषों के लिए दाहिने हिस्से और महिलाओं के लिए बाएं हिस्से पर छिपकली गिरना अधिक शुभ होता है, जबकि इसके विपरीत स्थिति अशुभ मानी जाती है।
छिपकली गिरने पर क्या करें?
छिपकली एक जहरीला जीव है, इसलिए इसके गिरने पर तुरंत स्नान कर भगवान का स्मरण करना चाहिए। अपशकुन से बचने के लिए निम्न मंत्र का 21 या 108 बार जप करें:
ॐ नमः शांते प्रशांते ॐ, हीं हीं सर्व क्रोध प्रशमनी स्वाहा।
इसके अलावा, जब भी मीठे की तलब हो तो रिफाइंड शुगर की जगह गुड़, शहद, खजूर या ताजे फल का सेवन करें। शरीर में पानी की कमी न होने दें और डाइट में प्रोटीन शामिल करें। अगर क्रेविंग लगातार बनी रहती है, तो डॉक्टर या न्यूट्रिशनिस्ट से सलाह लें।
