भारतीय मुक्केबाज Vishwanath Suresh ने एशियाई मुक्केबाजी चैंपियनशिप में बड़ा उलटफेर करते हुए विश्व नंबर-1 खिलाड़ी Sanzhar Tashkenbay को नॉकआउट कर सेमीफाइनल में जगह बना ली है।
मंगोलिया की राजधानी Ulaanbaatar में खेले गए इस मुकाबले में विश्वनाथ ने शानदार प्रदर्शन करते हुए मौजूदा चैंपियन को मात दी। इस जीत को भारतीय मुक्केबाजी के लिए एक अहम उपलब्धि माना जा रहा है।
21 वर्षीय चेन्नई के इस युवा खिलाड़ी ने न केवल सेमीफाइनल में प्रवेश किया, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी मजबूत दावेदारी भी पेश कर दी है। उनकी इस जीत ने यह साबित कर दिया है कि वे बड़े मंच पर किसी भी दिग्गज खिलाड़ी को चुनौती दे सकते हैं।
विश्वनाथ सुरेश का सफर जूनियर स्तर से ही शानदार रहा है। साल 2022 में उन्होंने युवा विश्व चैंपियनशिप और एशियाई युवा चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीते थे। इसके बाद 2024 में एशियाई अंडर-22 प्रतियोगिता में कांस्य और 2025 में फेडरेशन कप में स्वर्ण पदक जीतकर उन्होंने अपनी प्रतिभा का लगातार प्रदर्शन किया।
साल 2026 की शुरुआत में उन्होंने एलीट पुरुष राष्ट्रीय मुक्केबाजी चैंपियनशिप जीतकर भी अपनी मजबूत फॉर्म दिखाई थी।
तेज गति, सटीक तकनीक और बेहतरीन रणनीति के दम पर विश्वनाथ अब सीनियर स्तर पर भी अपनी पहचान बना रहे हैं। उनकी यह जीत इस बात का संकेत है कि आने वाले समय में वे भारत के लिए बड़े अंतरराष्ट्रीय मंच पर पदक जीत सकते हैं।
