लंदन : क्रिकेट के मक्का कहे जाने वाले लॉर्ड्स मैदान पर रोहित शर्मा ने ऐसा इतिहास रच दिया, जिसे भारतीय क्रिकेट फैंस लंबे समय तक याद रखेंगे। इंग्लैंड के खिलाफ तीसरे और निर्णायक वनडे मुकाबले में रोहित शर्मा ने 110 गेंदों पर 138 रनों की शानदार पारी खेली। इस दौरान उन्होंने 17 चौके और 5 गगनचुंबी छक्के लगाए। हालांकि उनकी यह ऐतिहासिक पारी भारत को जीत नहीं दिला सकी और टीम को 27 रनों से हार का सामना करना पड़ा, लेकिन रोहित ने अपने बल्ले से आलोचकों को करारा जवाब दिया।
शार्दुल ठाकुर के बल्ले से आया शतक
इस मुकाबले की सबसे दिलचस्प कहानी रोहित शर्मा के बल्ले से जुड़ी रही। मैच के दौरान रोहित अपनी बल्लेबाज़ी लय नहीं पकड़ पा रहे थे। तभी उन्होंने साथी खिलाड़ी शार्दुल ठाकुर का बल्ला इस्तेमाल करने का फैसला किया। शार्दुल ने बाद में खुलासा किया कि रोहित ने उनका बल्ला लिया और उसी बल्ले से शानदार शतक जड़ दिया। इसके बाद ड्रेसिंग रूम में यह किस्सा चर्चा का विषय बन गया।
रोहित शर्मा ने बनाए ये बड़े रिकॉर्ड
रोहित शर्मा की इस पारी के साथ कई ऐतिहासिक रिकॉर्ड भी दर्ज हुए –
• लॉर्ड्स के मैदान पर वनडे शतक लगाने वाले पहले भारतीय बल्लेबाज़ बने।
• वनडे करियर का 34वां शतक लगाया।
• इंग्लैंड की धरती पर वनडे क्रिकेट में सबसे सफल भारतीय बल्लेबाज़ों की सूची में अपनी स्थिति और मजबूत की।
• लगभग 11 पारियों से चले आ रहे शतक के सूखे को खत्म किया।
• आलोचनाओं और संन्यास की अटकलों का जवाब मैदान पर अपने बल्ले से दिया।
मैच में और कौन-कौन से रिकॉर्ड बने?
इस मुकाबले में सिर्फ रोहित ही नहीं, बल्कि कई अन्य रिकॉर्ड भी बने। इंग्लैंड ने लॉर्ड्स में 387/3 का विशाल स्कोर बनाया, जो इस मैदान पर वनडे इतिहास के सबसे बड़े स्कोरों में शामिल है। बेन डकेट ने 141 रनों की विस्फोटक पारी खेली, जबकि भारत की ओर से रोहित शर्मा और विराट कोहली ने 113 रनों की महत्वपूर्ण साझेदारी की। इसके बावजूद भारतीय टीम 360/7 तक ही पहुंच सकी और इंग्लैंड ने सीरीज़ 2-1 से अपने नाम कर ली।
संन्यास की खबरों पर रोहित का करारा जवाब
मैच के बाद रोहित शर्मा ने संन्यास की सभी अटकलों को खारिज करते हुए कहा कि उनका पूरा ध्यान भारत के लिए खेलते रहने और टीम को जीत दिलाने पर है। उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा, “अगर शोर नहीं होगा, तो मज़ा भी नहीं आएगा।” उनकी यह पारी उन सभी सवालों का जवाब थी जो पिछले कुछ समय से उनकी फॉर्म और भविष्य को लेकर उठ रहे थे।
