छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल ने पुरानी और उपयोग की जा चुकी बैटरियों के कारोबार को लेकर सख्त निर्देश जारी किए हैं। मंडल ने स्पष्ट किया है कि वैध पंजीकरण और आवश्यक दस्तावेजों के बिना पुरानी बैटरियों की खरीद-बिक्री, भंडारण या परिवहन करना कानून का उल्लंघन माना जाएगा।
मंडल के अनुसार प्रदेश के कई क्षेत्रों में कबाड़ और इस्तेमाल की गई बैटरियों का कारोबार पर्यावरणीय मानकों और निर्धारित नियमों की अनदेखी करते हुए संचालित किया जा रहा है। इससे पर्यावरण प्रदूषण बढ़ने के साथ-साथ लोगों के स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।
अधिकारियों ने बताया कि खुली जगह पर पुरानी बैटरियां जमा करना, बिना अनुमति उनका भंडारण करना अथवा अवैध रूप से खरीद-बिक्री करना बैटरी अपशिष्ट प्रबंधन नियमों और पर्यावरण संरक्षण अधिनियम का उल्लंघन है। ऐसे मामलों में संबंधित व्यक्तियों और संस्थानों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
मंडल जल्द ही राज्यभर में विशेष जांच अभियान शुरू करेगा। अभियान के दौरान स्क्रैप डीलरों, कबाड़ कारोबारियों, ट्रांसपोर्टरों और बैटरी व्यापार से जुड़े अन्य लोगों की जांच की जाएगी। जांच में गंभीर अनियमितताएं पाए जाने पर प्रकरण दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
पर्यावरण संरक्षण मंडल ने आम लोगों से भी सहयोग की अपील की है। मंडल ने कहा है कि यदि किसी क्षेत्र में पुरानी बैटरियों के अवैध भंडारण, खरीद-बिक्री या परिवहन की जानकारी मिले तो इसकी सूचना संबंधित क्षेत्रीय कार्यालय या मंडल को दें, ताकि पर्यावरण को नुकसान पहुंचाने वाली गतिविधियों पर प्रभावी रोक लगाई जा सके।
