रायपुर। विश्व ऑटिज्म जागरूकता दिवस के अवसर पर राजधानी में एक भावनात्मक और प्रेरणादायक कार्यक्रम आयोजित हुआ। कोपलवाणी स्कूल के स्पीच थेरेपी सेंटर के बच्चे अपने माता-पिता और शिक्षकों के साथ लोक भवन पहुंचे, जहां उन्होंने रमेन डेका से शिष्टाचार भेंट की।
इस खास मौके पर राज्यपाल ने बच्चों, उनके अभिभावकों और विशेष बच्चों के लिए समर्पित शिक्षकों से आत्मीय संवाद किया। उन्होंने ऑटिज्म को करीब से समझने का प्रयास किया और बच्चों की क्षमताओं के साथ उनकी चुनौतियों को भी संवेदनशीलता के साथ जाना।
कार्यक्रम के दौरान बच्चों के साथ समय बिताते हुए राज्यपाल ने सभी के साथ मिलकर नीले गुब्बारे आकाश में छोड़े। इस प्रतीकात्मक पहल के जरिए यह संदेश दिया गया कि समाज में हर बच्चे को समान अवसर, समझ और स्वीकार्यता मिलनी चाहिए।
इस अवसर पर राज्यपाल ने कोपलवाणी संस्था को अपने स्वेच्छानुदान मद से ई-रिक्शा प्रदान किया, जिससे बच्चों के आवागमन में सुविधा मिलेगी। उन्होंने ई-रिक्शा को हरी झंडी दिखाकर रवाना भी किया।
संस्था की डायरेक्टर पद्मा शर्मा ने बताया कि यह पहली बार है जब विशेष बच्चे लोक भवन पहुंचे हैं। अभिभावकों ने इसे गर्व का क्षण बताया और विश्वास जताया कि सही मार्गदर्शन, शिक्षकों और समाज के सहयोग से ये बच्चे जीवन में नई ऊंचाइयों को छुएंगे।
कार्यक्रम में संस्था के शिक्षक-शिक्षिकाएं और अन्य गणमान्य नागरिक भी उपस्थित रहे।
