Japan : टोक्यो। जापान के उत्तरी प्रांत इवाते में लगी भीषण जंगल की आग पर 11 दिन की कड़ी मशक्कत के बाद आखिरकार काबू पा लिया गया है। अधिकारियों ने शुक्रवार को इसकी पुष्टि की। यह आग पिछले 30 सालों में जापान की दूसरी सबसे बड़ी जंगल की आग मानी जा रही है।
1,600 हेक्टेयर क्षेत्र प्रभावित
आग ने करीब 1,600 हेक्टेयर (लगभग 4,000 एकड़) जंगल को अपनी चपेट में ले लिया। यह क्षेत्र सेंट्रल पार्क से करीब पांच गुना बड़ा है। आग बुझाने के लिए सैकड़ों दमकलकर्मी और 1,000 से ज्यादा सैन्य जवानों को लगाया गया। हवाई और जमीन दोनों मोर्चों पर लगातार प्रयास किए गए। भारी बारिश भी आग को काबू करने में मददगार साबित हुई।
8 इमारतें क्षतिग्रस्त, हजारों लोगों को शिफ्ट किया गया
इस हादसे में कम से कम 8 इमारतों को नुकसान पहुंचा है। दो लोगों को हल्की चोटें आईं। आग के तेजी से फैलने के खतरे को देखते हुए हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट किया गया था। ओत्सुची के मेयर कोजो हिरानो ने कहा कि आग अब नियंत्रण में है, लेकिन कुछ जगहों पर अभी भी चिंगारियां बाकी हो सकती हैं। इसलिए प्रशासन सतर्क है।
जलवायु परिवर्तन का खतरा
एक्सपर्ट्स का कहना है कि जलवायु परिवर्तन के कारण सर्दियों में सूखापन बढ़ रहा है, जिससे जंगलों में आग लगने का खतरा ज्यादा हो गया है। वैज्ञानिक लंबे समय से चेतावनी दे रहे हैं कि जीवाश्म ईंधन के अत्यधिक इस्तेमाल से तापमान बढ़ रहा है, जिसके कारण सूखा लंबे समय तक रहता है और ऐसी घटनाएं बढ़ रही हैं।
पिछले साल भी हुई थी बड़ी आग
समाचार एजेंसी क्योदो के मुताबिक, यह आग पिछले 30 सालों में जापान की दूसरी सबसे बड़ी घटना है। इससे पहले पिछले साल इवाते में ही 2,600 हेक्टेयर क्षेत्र जंगल आग की चपेट में आ गया था, जो 1975 के बाद सबसे बड़ी घटना थी। उस समय कुशिरो में 2,700 हेक्टेयर जंगल जल गया था।
