नई दिल्ली: देश के 26वें मुख्य चुनाव आयुक्त के रूप में ज्ञानेश कुमार की नियुक्ति कर दी गई है। वे राजीव कुमार की जगह लेंगे, जो अपने कार्यकाल पूरा करने के बाद सेवानिवृत्त हो रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई वाली चयन समिति ने उनकी नियुक्ति को मंजूरी दी है।
Contents
कौन हैं ज्ञानेश कुमार?
- 1988 बैच केरल कैडर के आईएएस अधिकारी हैं।
- पहली पोस्टिंग पथानामथिट्टा जिले में उप-जिलाधिकारी के रूप में हुई थी।
- गृह मंत्रालय में कार्यकाल के दौरान राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की स्थापना में निभाई अहम भूमिका।
- अनुच्छेद 370 हटाने में जम्मू-कश्मीर मामलों की देखरेख की।
- आईआईटी कानपुर से सिविल इंजीनियरिंग में बीटेक किया है।
- आईसीएफएआई हैदराबाद से बिजनेस फाइनेंस और हार्वर्ड विश्वविद्यालय से पर्यावरण अर्थशास्त्र की पढ़ाई की।
किन अहम फैसलों में रहे शामिल?
- राम जन्मभूमि ट्रस्ट की स्थापना।
- अनुच्छेद 370 हटाने के दौरान जम्मू-कश्मीर मामलों की देखरेख।
- संसदीय मामलों और सहकारिता मंत्रालय में सचिव के रूप में सेवाएं।
- लैंड रेवेन्यू, टूरिज्म, ट्रांसपोर्ट और एग्रीकल्चर विभागों में भी निभाई महत्वपूर्ण भूमिका।
किन चुनावों की होगी जिम्मेदारी?
मुख्य चुनाव आयुक्त के रूप में ज्ञानेश कुमार इस वर्ष के अंत में बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की देखरेख करेंगे। इसके अलावा, 2026 में केरल, पुडुचेरी, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव भी उनकी निगरानी में होंगे।
पढ़ाई में शुरू से थे अव्वल
- उत्तर प्रदेश के आगरा जिले के रहने वाले हैं।
- लखनऊ के कॉल्विन तालुकदार कॉलेज में हाई स्कूल और इंटरमीडिएट में टॉपर रहे।
- आईआईटी कानपुर से सिविल इंजीनियरिंग करने के बाद IAS परीक्षा पास करने से पहले HUDCO में काम किया।
- तीन भाषाओं हिंदी, अंग्रेजी और उर्दू का ज्ञान।
ज्ञानेश कुमार के नेतृत्व में भारत की चुनाव प्रणाली में किस तरह के सुधार होंगे, यह देखने वाली बात होगी।
