T20 World Cup Super-8 : नई दिल्ली। T20 वर्ल्ड कप 2026 के ग्रुप चरण में अब तस्वीर काफी हद तक साफ हो चुकी है। आठ टीमों का सफर यहीं थम गया है, जबकि सुपर-8 की बाकी दो सीटों के लिए रोमांच चरम पर है। कुछ टीमों ने उम्मीद से बेहतर प्रदर्शन कर दिल जीता, तो कुछ बड़ी टीमें चौंकाने वाले नतीजों की वजह से मुश्किल में फंसी हुई हैं।
ग्रुप C: जज्बा दिखाकर भी बाहर हुईं टीमें
इटली (2 अंक, -0.588 NRR)
पहली बार किसी भी फॉर्मेट के वर्ल्ड कप में जगह बनाने वाली इटली ने अपने प्रदर्शन से सभी को प्रभावित किया। ऑस्ट्रेलिया, दक्षिण अफ्रीका, पाकिस्तान, श्रीलंका और भारत मूल के खिलाड़ियों से सजी टीम ने दमदार खेल दिखाया। स्कॉटलैंड से हार के अलावा इटली ने नेपाल को हराया और इंग्लैंड जैसी मजबूत टीम को कड़ी टक्कर दी। हालांकि, सुपर-8 में जगह नहीं बना सकी, लेकिन कई नए प्रशंसक जरूर बनाए।
नेपाल (0 अंक, -1.942 NRR)
नेपाल ने शुरुआत शानदार की और इंग्लैंड को लगभग मात दे दी थी। 184 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए टीम 180/6 तक पहुंच गई थी, लेकिन जीत से चूक गई। इसके बाद लय बिगड़ गई और इटली व वेस्टइंडीज से हार के साथ उनका अभियान खत्म हो गया।
स्कॉटलैंड (2 अंक, +0.359 NRR)
बांग्लादेश की जगह देर से एंट्री पाने वाली स्कॉटलैंड ने मिश्रित प्रदर्शन किया। इटली को 73 रन से हराया, लेकिन इंग्लैंड से हार ने उनकी उम्मीदों पर पानी फेर दिया। इंग्लैंड की जीत के साथ ही उनका सफर भी समाप्त हो गया।
ग्रुप A: नामीबिया का संघर्ष अधूरा
नामीबिया (0 अंक, -2.443 NRR)
नामीबिया ने कुछ मुकाबलों में अच्छी शुरुआत की, खासकर यूएसए के खिलाफ रन चेज में, लेकिन जीत हासिल नहीं कर सका। भारत, यूएसए और नीदरलैंड से हार के बाद उनका अभियान ग्रुप चरण में ही समाप्त हो गया।
🔹 ग्रुप B: ओमान का निराशाजनक प्रदर्शन
ओमान (0 अंक, -4.546 NRR)
ओमान के लिए यह टूर्नामेंट बेहद खराब रहा। जिम्बाब्वे, ऑस्ट्रेलिया और आयरलैंड से हार के बाद टीम एक भी जीत दर्ज नहीं कर सकी। पिछली बार की तरह इस बार भी उनका प्रदर्शन फीका रहा।
ग्रुप D: एक जीत ने बदली तस्वीर
न्यूजीलैंड की कनाडा पर जीत ने ग्रुप D की किस्मत तय कर दी।
अफगानिस्तान, यूएई और कनाडा
इन तीनों टीमों का सफर एक साथ खत्म हो गया। अब ये टीमें अधिकतम अंक हासिल कर भी दक्षिण अफ्रीका और न्यूजीलैंड की बराबरी नहीं कर सकती थीं, जिनके छह-छह अंक हो चुके हैं। खास बात यह रही कि अफगानिस्तान 2024 में सेमीफाइनल तक पहुंचा था, लेकिन इस बार ग्रुप चरण में ही बाहर हो गया।
सुपर-8 का फॉर्मेट कैसा रहेगा?
ग्रुप चरण से आगे बढ़ने वाली आठ टीमों को सुपर-8 में दो ग्रुप में बांटा जाएगा। हर ग्रुप में चार-चार टीमें होंगी और सभी टीमें अपने-अपने ग्रुप की बाकी तीन टीमों से मुकाबला करेंगी।
आईसीसी ने पहले से सीडिंग प्रणाली तय की है। यदि कोई बड़ी या सीडेड टीम बाहर हो जाती है, तो उसे हराकर आगे बढ़ने वाली टीम उसी स्थान पर खेलेगी। यानी कोड वही रहेगा, केवल टीम बदलेगी।
आखिरी दो स्थानों के लिए छह टीमों की जंग
सुपर-8 की दो सीटें अभी खाली हैं और छह टीमें अब भी दौड़ में हैं।
ग्रुप B की स्थिति
जिम्बाब्वे (4 अंक, +1.984 NRR)
ऑस्ट्रेलिया को 23 रन से हराकर सबसे बड़ा उलटफेर किया। एक और जीत उन्हें लगभग सुपर-8 में पहुंचा सकती है।
आयरलैंड (2 अंक, +0.150 NRR)
तीन मैचों में सिर्फ एक जीत। आगे बढ़ने के लिए न सिर्फ जीत, बल्कि अन्य नतीजों पर भी निर्भर रहना होगा।
ऑस्ट्रेलिया (2 अंक, +0.414 NRR)
श्रीलंका से हार के बाद मुश्किल में। अब ओमान पर बड़ी जीत और अन्य मैचों के अनुकूल परिणाम की उम्मीद करनी होगी। मामला नेट रन रेट तक जा सकता है।
ग्रुप A की स्थिति
यूएसए (4 अंक, +0.788 NRR)
अपने सभी मैच खेल चुका है। अब पाकिस्तान के नतीजे पर नजरें टिकी हैं। बेहतर नेट रन रेट के कारण उसे फायदा मिल सकता है।
नीदरलैंड (2 अंक, -1.352 NRR)
भारत के खिलाफ बड़ा उलटफेर करना होगा और पाकिस्तान की हार की दुआ करनी होगी। स्थिति बेहद कठिन है।
पाकिस्तान (4 अंक, -0.139 NRR)
किस्मत अपने हाथ में है। आखिरी मैच जीतते ही सुपर-8 तय, लेकिन हार की स्थिति में अन्य टीमों के प्रदर्शन पर निर्भर रहना पड़ेगा।
