सुकमा जिले के कोंटा में नक्सलियों द्वारा बिछाए गए IED विस्फोट की चपेट में आकर कोंटा डिवीजन के ASP आकाश राव गिरिपुंजे शहीद हो गए हैं। इस घटना ने पूरे प्रदेश को झकझोर कर रख दिया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस घटना पर गहरा दुख जताया है और नक्सलियों को इसका परिणाम भुगतने की चेतावनी दी है।
CM साय बोले – नक्सलियों को भुगतना होगा परिणाम
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सोशल मीडिया पर लिखा:
“सुकमा जिले के कोंटा में नक्सलियों द्वारा किए गए आईईडी विस्फोट में एएसपी आकाश राव गिरिपुंजे जी के शहीद होने की सूचना प्राप्त हुई है। यह अत्यंत दु:खद है। मैं उनकी शहादत को नमन करता हूं। घायलों के समुचित इलाज के निर्देश दिए गए हैं।”
उन्होंने आगे कहा कि छत्तीसगढ़ में नक्सलियों के खिलाफ सुरक्षा बलों द्वारा लगातार सफलता पाई जा रही है। इसी से बौखलाकर नक्सली इस तरह की कायराना हरकत कर रहे हैं। नक्सलियों को इसका परिणाम भुगतना होगा। वह दिन दूर नहीं जब छत्तीसगढ़ से उनका नामोनिशान मिटा दिया जाएगा।
बहुत बहादुर अधिकारी थे आकाश राव – गृहमंत्री विजय शर्मा
गृहमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि आकाश राव एक बहादुर और जांबाज अधिकारी थे। विभिन्न स्थानों पर काम करते हुए उन्होंने गैलंट्री अवॉर्ड भी प्राप्त किया था। उनका शहीद होना बेहद दुखद है। नक्सली गांव के विकास में बाधा डालने के लिए आईईडी बिछाकर कायराना हरकत कर रहे हैं।
पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने भी जताया दुख
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इस घटना पर शोक जताते हुए कहा कि – “सुकमा में नक्सलियों द्वारा बिछाए IED की चपेट में आने से कोंटा एएसपी आकाश राव गिरीपुंजे जी के शहीद होने का दुखद समाचार मिला है। इस शोक की घड़ी में मेरी संवेदनाएं उनके परिवार के साथ हैं।”
घटना का पूरा विवरण
यह घटना 9 जून को कोंटा-एर्राबोरा मार्ग पर डोंड्रा के पास घटी, जब ASP आकाश राव गिरीपुंजे अपनी टीम के साथ गोलापल्ली की ओर से नए कैंप की स्थापना कर लौट रहे थे। इस दौरान प्रेशर IED की चपेट में आकर वह गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तुरंत कोंटा अस्पताल ले जाया गया, लेकिन इलाज के दौरान वह शहीद हो गए। इस ब्लास्ट में TI, कोंटा SDOP समेत 4 अन्य जवान भी घायल हो गए हैं।
➡️ सुरक्षा बलों ने घटनास्थल के आसपास सर्चिंग तेज कर दी है और नक्सलियों के खिलाफ कार्रवाई के संकेत दिए हैं।