अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) के चेयरमैन जय शाह ने कहा है कि 2030 में राष्ट्रमंडल खेलों की मेजबानी के बाद भारत का अगला बड़ा लक्ष्य वर्ष 2036 में गुजरात में ओलंपिक खेलों का आयोजन करना है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भारत का लक्ष्य इन ओलंपिक खेलों में कम से कम 100 पदक जीतना होगा।
रविवार को सूरत में डॉ. हेडगेवार सेवा स्मृति सेवा समिति द्वारा आयोजित ‘रन फॉर गर्ल चाइल्ड’ मैराथन को संबोधित करते हुए जय शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात में राष्ट्रमंडल खेलों को लाने में अहम भूमिका निभाई है। उन्होंने कहा, “2030 के राष्ट्रमंडल खेलों के बाद हमारा लक्ष्य 2036 में गुजरात में ओलंपिक खेलों की मेजबानी करना है।”
जय शाह ने पेरिस ओलंपिक 2024 में भारत के प्रदर्शन का जिक्र करते हुए बताया कि देश ने कुल आठ पदक जीते थे। उन्होंने कहा कि 2036 ओलंपिक के लिए भारत को कहीं अधिक मजबूत लक्ष्य तय करना होगा और कम से कम 100 पदक जीतने की दिशा में काम करना चाहिए। इसमें गुजरात का योगदान कम से कम 10 पदकों का होना चाहिए। उन्होंने यह भी विश्वास जताया कि महिला खिलाड़ी इन पदकों में से कम से कम दो पदक जीतेंगी।
महिलाओं के खेलों में बढ़ते प्रभाव पर बोलते हुए जय शाह ने कहा कि अब सोच में बदलाव आ रहा है। पहले माता-पिता चाहते थे कि उनके बेटे विराट कोहली जैसे बनें, लेकिन अब कई माता-पिता यह सपना देख रहे हैं कि उनकी बेटियां स्मृति मंधाना और हरमनप्रीत कौर जैसी क्रिकेटर बनें।
इसके साथ ही उन्होंने बारबाडोस में आयोजित 2024 टी20 विश्व कप और 2025 चैंपियंस ट्रॉफी में भारतीय पुरुष क्रिकेट टीम की सफलता की भी सराहना की। जय शाह ने कहा कि खेलों के प्रति बढ़ता उत्साह और सरकार का समर्थन भारत को वैश्विक खेल मंच पर नई ऊंचाइयों तक ले जाएगा।
