रायपुर/राजनांदगांव। छत्तीसगढ़ की सुप्रसिद्ध लोकगायिका एवं रंगमंच की प्रतिष्ठित कलाकार पूनम तिवारी को वर्ष 2023-24 में संगीत नाटक अकादमी, दिल्ली द्वारा कला अकादमी पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। अब वे आगामी 30 अप्रैल 2025 को बिहार के पूर्णिया में आयोजित भव्य समारोह में छत्तीसगढ़ का प्रतिनिधित्व करते हुए अपने 25 कलाकारों की टोली के साथ विशेष प्रस्तुति देंगी।
पूनम तिवारी छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक धरोहर की जीवंत प्रतीक हैं। 1970 के दशक से कला के क्षेत्र में सक्रिय पूनम तिवारी ने नया थिएटर के साथ जुड़कर विश्व के 25 देशों में रंगमंचीय प्रस्तुतियां दी हैं। उन्होंने भारतीय रंगमंच के पुरोधा और पद्मश्री हबीब तनवीर के सान्निध्य में रंगमंच की बारीकियों को सीखा और अपनी एक अलग पहचान बनाई।
उनके पति श्री दीपक विराट तिवारी भी एक प्रतिष्ठित रंगकर्मी रहे हैं, जिन्हें राष्ट्रपति द्वारा सम्मानित किया गया था। दोनों कलाकारों का योगदान छत्तीसगढ़ ही नहीं, पूरे भारत के सांस्कृतिक परिदृश्य में महत्वपूर्ण रहा है।
पूनम तिवारी की प्रस्तुति बिहार के पूर्णिया में होने वाले कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोकसंस्कृति, परंपराओं और रंगमंचीय विरासत को देशभर के दर्शकों के सामने लाएगी। उनके इस प्रयास से छत्तीसगढ़ की कला को राष्ट्रीय मंच पर और भी मजबूती मिलेगी।