महिला एवं बाल विकास विभाग ने बालोद जिले के जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री किशन टंडन क्रांति को कर्तव्यों में घोर लापरवाही और विभागीय योजनाओं में गंभीर अनियमितताओं के चलते तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। विभाग द्वारा इस आशय का आधिकारिक आदेश जारी कर दिया गया है।
यह कार्रवाई तब हुई जब महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने 15 अप्रैल को बालोद जिले के दौरे के दौरान विभागीय योजनाओं और कार्यक्रमों की स्थलीय समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान कई खामियाँ उजागर हुईं, जिनमें प्रमुख रूप से:
- आंगनवाड़ी केंद्र पाररास (इंदिरा गांधी वार्ड क्रमांक 18/1) में फर्जी उपस्थिति दर्ज
- पोषण ट्रैकर ऐप में अधूरी प्रविष्टियाँ
- सखी वन स्टॉप सेंटर की निष्क्रियता
- करकाभांठ केंद्र में गंदगी की स्थिति
- विभागीय बैठकों में श्री टंडन की नियमित अनुपस्थिति
समीक्षा के दौरान यह भी पाया गया कि श्री टंडन मंत्री के जिले में आगमन के समय जिला मुख्यालय से अनुपस्थित थे, जबकि उनसे अपेक्षित था कि वे मंत्री के समक्ष विभागीय योजनाओं की प्रगति प्रस्तुत करें।
इन सभी अनियमितताओं को गंभीर मानते हुए मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने समीक्षा बैठक में नाराज़गी व्यक्त की और अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। फलस्वरूप, श्री टंडन को छत्तीसगढ़ सिविल सेवा नियमों के तहत निलंबित कर दिया गया है। निलंबन अवधि के दौरान उन्हें महिला एवं बाल विकास विभाग, बिलासपुर में स्थानांतरित किया गया है और नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता प्रदान किया जाएगा।