महीनों से जारी सीमा तनाव और सैन्य हमलों के बीच पाकिस्तान और अफगानिस्तान ने बड़ी राहत देते हुए आगामी ईद-उल-फितर के अवसर पर अस्थायी युद्धविराम (सीजफायर) की घोषणा की है।
यह निर्णय उस समय सामने आया है जब अफगान सरकार ने काबुल में एक पुनर्वास अस्पताल पर हमले में 400 लोगों की मौत का आरोप पाकिस्तान पर लगाया था। इसके बावजूद दोनों देशों ने त्योहार को ध्यान में रखते हुए शांति का कदम उठाया है।
पाकिस्तान के सूचना मंत्री अताउल्लाह तरार ने बताया कि “गजब-लिल-हक” अभियान के बीच यह अस्थायी रोक 18/19 मार्च की मध्यरात्रि से 23/24 मार्च की मध्यरात्रि तक लागू रहेगी। उन्होंने कहा कि यह फैसला सऊदी अरब, कतर और तुर्किये जैसे मित्र देशों के अनुरोध पर लिया गया है।
हालांकि पाकिस्तान ने स्पष्ट किया है कि यदि सीमा पार से कोई हमला, ड्रोन गतिविधि या आतंकी घटना होती है, तो यह अभियान तुरंत फिर से शुरू कर दिया जाएगा।
इसके कुछ समय बाद अफगान सरकार के प्रवक्ता जबीउल्लाह मुजाहिद ने भी घोषणा की कि अफगान सुरक्षा बल ईद-उल-फितर के अवसर पर अपने रक्षा अभियानों को अस्थायी रूप से निलंबित करेंगे। उन्होंने कहा कि किसी भी खतरे की स्थिति में देश पूरी मजबूती से जवाब देगा।
दोनों देशों के इस फैसले को क्षेत्र में शांति की दिशा में एक सकारात्मक कदम माना जा रहा है, हालांकि हालात अभी भी संवेदनशील बने हुए हैं।
