Budget Session: नई दिल्ली। संसद के बजट सत्र के चौथे दिन राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव की चर्चा के दौरान लोकसभा में तीखी बहस देखने को मिली। चर्चा के बीच विपक्ष के नेता राहुल गांधी द्वारा डोकलाम मुद्दा उठाए जाने से सदन का माहौल अचानक गर्म हो गया और सत्ता पक्ष की ओर से जोरदार विरोध शुरू हो गया।
धन्यवाद प्रस्ताव को सांसद सर्बानंद सोनोवाल ने सदन में पेश किया। इस प्रस्ताव पर करीब 18 घंटे की चर्चा तय की गई है, जिसमें राहुल गांधी समेत तारिक अनवर, अमरिंदर राजा वड़िंग, एंटो एंटनी और ज्योतिमणि जैसे सांसद अपनी बात रखेंगे।
राहुल गांधी ने डोकलाम का किया जिक्र
अपने भाषण की शुरुआत करते हुए राहुल गांधी ने कहा कि वह सदन को समय देने के लिए धन्यवाद देते हैं। इसके बाद उन्होंने सत्ता पक्ष द्वारा कांग्रेस पर लगाए गए आरोपों का जिक्र करते हुए कहा कि वे इस पर बाद में जवाब देंगे। इसी बीच उन्होंने डोकलाम से जुड़े मुद्दे को उठाते हुए सेना प्रमुख जनरल नरवणे की एक किताब का हवाला दिया। राहुल गांधी ने कहा कि वे जो पढ़ने जा रहे हैं, उससे यह स्पष्ट हो जाएगा कि देशभक्ति का मतलब क्या है।
राहुल गांधी का यह बयान आते ही सदन में शोर-शराबा शुरू हो गया और सत्ता पक्ष के कई सांसद अपनी सीटों से खड़े हो गए।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह का विरोध
राहुल गांधी के बयान पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने तुरंत आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि जिस किताब का जिक्र किया जा रहा है, वह अभी तक प्रकाशित ही नहीं हुई है। ऐसे में उसके कंटेंट का हवाला देकर सदन में बयान देना पूरी तरह अनुचित है। राजनाथ सिंह ने राहुल गांधी के कथनों को भ्रामक बताते हुए कड़ा विरोध दर्ज कराया।
आगे क्या होगा
धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा के समापन के बाद 4 फरवरी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सदन में अपना जवाब देंगे। वहीं, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 11 फरवरी को बजट से जुड़े सवालों पर सदन को संबोधित करेंगी। गौरतलब है कि 1 फरवरी को वित्त मंत्री ने केंद्रीय बजट पेश किया था, जिसे लेकर संसद में लगातार बहस जारी है।
