Donald Trump का बड़ा फैसला: Joint Chiefs of Staff के चेयरमैन CQ Brown को हटाया, डैन रेज़िन कैन बने नए प्रमुख
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पेंटागन में बड़ा बदलाव करते हुए जॉइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के चेयरमैन जनरल सी.क्यू. ब्राउन जूनियर को उनके पद से हटा दिया है। उनकी जगह लेफ्टिनेंट जनरल (रिटायर्ड) डैन “रेज़िन” कैन को नियुक्त किया गया है। यह कदम अमेरिकी रक्षा नीति में बड़े बदलाव का संकेत देता है।
ब्राउन को क्यों हटाया गया?
जनरल ब्राउन को पूर्व राष्ट्रपति जो बाइडेन ने नियुक्त किया था। वे अमेरिका के पहले अश्वेत जॉइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ चेयरमैन थे और उन्होंने यूक्रेन युद्ध व मध्य पूर्व में अमेरिकी सैन्य रणनीति को निर्देशित करने में अहम भूमिका निभाई थी। उनकी बर्खास्तगी का कारण स्पष्ट नहीं किया गया है, लेकिन माना जा रहा है कि ट्रंप प्रशासन उनकी सैन्य नीतियों और विविधता संबंधी प्रयासों से असहमत था।
डैन रेज़िन कैन कौन हैं?
डैन “रेज़िन” कैन एक अनुभवी सैन्य अधिकारी हैं, जिन्होंने इराक युद्ध में अहम भूमिका निभाई थी। वे ट्रंप प्रशासन में पहले भी रक्षा नीति सलाहकार रह चुके हैं और उन्हें राष्ट्रपति ट्रंप के करीबी माना जाता है। हालांकि, उनकी नियुक्ति को लेकर सीनेट की मंजूरी अभी बाकी है।
अन्य बड़े बदलाव भी किए गए
ट्रंप प्रशासन ने सिर्फ ब्राउन ही नहीं, बल्कि नौसेना संचालन प्रमुख एडमिरल लिसा फ्रैंचेट्टी और वाइस चीफ ऑफ स्टाफ ऑफ द एयर फोर्स जनरल जेम्स स्लाइफ को भी उनके पदों से हटा दिया है। यह बदलाव अमेरिका की सैन्य रणनीति को नया रूप देने की ट्रंप की मंशा को दर्शाता है।
राजनीतिक विवाद शुरू
इस फैसले को लेकर अमेरिकी राजनीति में विवाद छिड़ गया है। रिपब्लिकन नेताओं ने इसे सैन्य नेतृत्व में जरूरी बदलाव बताया है, जबकि डेमोक्रेट्स ने ट्रंप पर सेना का राजनीतिकरण करने का आरोप लगाया है। पेंटागन में इस फैसले से असंतोष की खबरें भी सामने आ रही हैं।
अगले कदम क्या होंगे?
डैन कैन की नियुक्ति के लिए अब सीनेट की मंजूरी जरूरी होगी। ट्रंप प्रशासन आगे भी रक्षा विभाग में बड़े बदलाव कर सकता है, जिसमें बजट कटौती और सैन्य नीतियों में संशोधन शामिल हो सकते हैं।
ट्रंप के इस कदम से अमेरिका की रक्षा नीति और सैन्य नेतृत्व की दिशा किस ओर जाएगी, यह देखने वाली बात होगी।
