पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत की राजधानी पेशावर में सोमवार सुबह फ्रंटियर कांस्टेबुलरी (FC) हेडक्वार्टर पर हुए समन्वित आत्मघाती हमले में कम से कम 6 सुरक्षाकर्मियों सहित 10 लोगों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल हुए हैं। हमले में शामिल तीनों आतंकवादी भी मारे गए। घटना ने पाकिस्तान में तेज़ी से बढ़ रही मिलिटेंसी को लेकर चिंता और गहरा दी है।
दो धमाके, फिर भारी गोलीबारी
सुबह लगभग 8 बजे सद्दार इलाके में स्थित FC हेडक्वार्टर पर पहले एक आत्मघाती हमलावर ने मुख्य गेट पर विस्फोट किया। विस्फोट के तुरंत बाद हथियारबंद आतंकवादियों ने घुसपैठ की कोशिश की, जिसके बाद सुरक्षाबलों और हमलावरों के बीच भीषण मुठभेड़ हुई।
पेशावर के CCPO मियां सईद ने बताया कि हमला दो ज़ोरदार विस्फोटों से शुरू हुआ, जिनकी तीव्रता से आसपास की इमारतों की खिड़कियां तक टूट गईं। इलाके में लंबे समय तक गोलीबारी होती रही।
IG ने आत्मघाती हमले की पुष्टि की
खैबर पख्तूनख्वा पुलिस प्रमुख जुल्फिकार हमीद ने पुष्टि की कि हमला “पूरी तरह योजनाबद्ध” आत्मघाती ऑपरेशन था।
सुरक्षाबलों ने परिसर में घुसने की कोशिश कर रहे आतंकियों को रोक दिया और मुठभेड़ में तीनों हमलावर ढेर हो गए।
घायल अस्पताल में भर्ती, इलाके में क्लियरेशन ऑपरेशन
घायल सुरक्षाकर्मियों को लेडी रीडिंग अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पूरे क्षेत्र को घेरकर बड़ा क्लियरेशन ऑपरेशन चलाया जा रहा है। FC हेडक्वार्टर के आसपास की सभी सड़कें सील कर दी गई हैं।
क्यों निशाने पर रहता है FC हेडक्वार्टर?
FC—जिसका नाम कुछ माह पहले ही फ्रंटियर कांस्टेबुलरी से बदला गया था—एक घनी आबादी वाले इलाके और सैन्य कैंटोनमेंट के पास स्थित है, जिससे यह हमेशा आतंकियों के लिए एक संवेदनशील लक्ष्य बना रहता है।
पाकिस्तान में बढ़ती आतंकवादी गतिविधियाँ
इस हमले ने पाकिस्तान में बढ़ती आतंकवादी हिंसा की ताज़ा लहर पर फिर से सवाल खड़े कर दिए हैं।
केवल इस वर्ष अब तक:
- 430 से अधिक लोग मिलिटेंसी हमलों में मारे जा चुके हैं
- इनमें बड़ी संख्या सुरक्षाकर्मियों की है
- बलूचिस्तान और KP में हिंसा सबसे अधिक बढ़ी है
- बड़े हमलों में क्वेटा FC हेडक्वार्टर कार बम, सितंबर की रैली सुसाइड ब्लास्ट और BLA की ट्रेन हाईजैकिंग शामिल हैं
सुरक्षा एजेंसियों ने हमले के बाद पूरे शहर में हाई अलर्ट जारी कर दिया है। CCTV फुटेज का विश्लेषण किया जा रहा है और जांच टीमें घटनास्थल से साक्ष्य जुटा रही हैं।
