कांकेर, छत्तीसगढ़: छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने कांकेर लोकसभा सीट से निर्वाचित सांसद भोजराज नाग की ओर से दायर अंतरिम आवेदन को खारिज कर दिया। सांसद नाग इस आवेदन में चुनाव याचिका को प्रथम दृष्टया निरस्त करने की मांग कर रहे थे, लेकिन न्यायमूर्ति नरेंद्र कुमार व्यास ने 11 सितंबर को आदेश सुनाते हुए कहा कि याचिकाकर्ता ने लोकसभा चुनाव 2024 में कथित अनियमितताओं के पर्याप्त तथ्य प्रस्तुत किए हैं, इसलिए मामला मेरिट पर सुनवाई योग्य है।
पूरा मामला:
कांकेर निवासी बिरेश ठाकुर ने 18 जुलाई 2024 को सांसद भोजराज नाग के खिलाफ चुनाव याचिका दायर की थी। याचिका में 2024 लोकसभा चुनाव परिणाम रद्द करने, कई बूथों की पुनःमतगणना और 15 मतदान केंद्रों पर पुनः मतदान की मांग की गई थी। आरोपों में ईवीएम में गड़बड़ी, वोटिंग डेटा में देरी और वोटों की गिनती में अनियमितताएं शामिल हैं। याचिकाकर्ता ने गोंडरदेही, डोंडी लोहारा समेत कई विधानसभा क्षेत्रों में हेरफेर की आशंका जताई थी।
सांसद नाग की आपत्ति:
सांसद नाग ने दलील दी कि याचिका में भ्रष्ट आचरण का कोई ठोस आरोप नहीं है और इसे खारिज किया जाना चाहिए। उनका कहना था कि याचिका वकील के जरिए दाखिल की गई है जबकि कानून के अनुसार उम्मीदवार को खुद याचिका दाखिल करनी चाहिए।
कोर्ट का निर्णय:
कोर्ट ने कहा कि याचिका में सभी आवश्यक तथ्य और साक्ष्य मौजूद हैं। चुनाव आयोग को पक्षकार बनाने की कोई कानूनी आवश्यकता नहीं है। सांसद नाग की आपत्तियों में कोई दम नहीं है, इसलिए याचिका खारिज नहीं की जा सकती।
अगली सुनवाई:
हाई कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई 3 नवंबर 2025 को निर्धारित की है। अदालत अब याचिकाकर्ता के आरोपों और साक्ष्यों की विस्तृत जांच करेगी और तय करेगी कि कांकेर लोकसभा चुनाव 2024 का परिणाम बरकरार रहेगा या नहीं।
