अक्षय डहाट रायपुर। डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर सार्वजनिक जयंती समारोह समिति, रायपुर के तत्वावधान में आयोजित विविध खेल प्रतियोगिताओं की श्रृंखला में बुद्धि, रणनीति एवं धैर्य के संगम ‘शतरंज प्रतियोगिता’ का सफल आयोजन बड़े उत्साह एवं गरिमामयी वातावरण में सम्पन्न हुआ। इस प्रतियोगिता में न केवल रायपुर शहर, बल्कि आस-पास के नगरों व जिलों से भी प्रतिभाशाली प्रतिभागियों ने भाग लेकर आयोजन को गौरवपूर्ण बनाया।
लगभग 60 प्रतिभागियों ने इस ओपन क्लासिकल चेस प्रतियोगिता में पाँच राउंड के गहन मुकाबलों में भाग लिया। हर राउंड में खिलाड़ियों ने अपने कौशल और सोच-समझ से प्रतिद्वंदियों को मात देने का प्रयास किया। इस भीषण बुद्धिसंग्राम में कनिष्क गजघाटे ने अपराजेय रहते हुए सभी पाँच राउंड में विजय प्राप्त कर प्रथम स्थान हासिल किया और अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया।

प्रतियोगिता में संजय मेश्राम ने शानदार प्रदर्शन कर द्वितीय स्थान प्राप्त किया, जबकि शुभम गढ़पायले ने अपने धैर्य और दृढ़ता से तृतीय स्थान प्राप्त कर सबका ध्यान आकर्षित किया।
खास बात यह रही कि प्रतियोगिता ओपन आयु वर्ग में आयोजित की गई थी, बावजूद इसके 14 वर्ष से कम आयु के बच्चों ने भी बड़े खिलाड़ियों को चुनौती दी और अद्भुत खेल भावना का प्रदर्शन किया। इस श्रेणी में मोर्या रामटेके ने प्रथम, अक्षत डोंगरे ने द्वितीय तथा यक्षांस गवली ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। उनके साहस और कुशाग्रता को आयोजकों ने विशेष रूप से सराहा।

साथ ही प्रतियोगिता में दिव्यांशी वानखेडे के उत्कृष्ट प्रदर्शन को देखते हुए उन्हें विशेष पुरस्कार प्रदान किया गया, जो इस बात का प्रतीक है कि लड़कियाँ भी अब शतरंज जैसे मानसिक खेलों में नई ऊँचाइयाँ छू रही हैं।
इस सफल आयोजन में मुख्य निर्णायक (आर्बिटर) शरद उके की भूमिका अत्यंत सराहनीय रही। प्रतियोगिता के संयोजन एवं संचालन में डॉ. कर्मिष्ठ शंभरकर, विजय गजघाटे एवं अविनाश घोडेस्वार का भी अहम योगदान रहा।
इस गरिमामयी आयोजन को सफल बनाने में त्रिशरण विकास समिति, बुद्ध विहार, देवेंद्र नगर के समर्पित सदस्यों ने अपना अमूल्य समय एवं सहयोग प्रदान किया।

13 अप्रैल 2025 को युवा उत्सव कार्यक्रम, दीनदयाल ऑडिटोरियम, रायपुर में सभी विजेता खिलाड़ियों सहित सभी प्रतिभागियों का भव्य सम्मान समारोह आयोजित किया जाएगा, जहाँ उन्हें स्मृति चिन्ह व प्रमाण पत्र प्रदान कर प्रोत्साहित किया जाएगा।
यह आयोजन न केवल खेल के माध्यम से समाज में समरसता और चेतना का संदेश देता है, बल्कि नवयुवकों में आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता के विकास का एक सशक्त मंच भी सिद्ध हो रहा है।
