Usman Tariq Bowling Action Controversy: नई दिल्ली/लाहौर। पाकिस्तान क्रिकेट टीम जिस गेंदबाज को भारत के खिलाफ मुकाबलों में जीत की अहम कड़ी मान रही थी, वही अब चर्चा के केंद्र में आ गया है। हम बात कर रहे हैं पाकिस्तान के स्पिनर उस्मान तारिक की, जिनके अनोखे बॉलिंग ऐक्शन को लेकर सवाल उठने लगे हैं। हालांकि, इस पूरे विवाद पर अनुभवी अंपायर अनिल चौधरी ने स्थिति स्पष्ट कर दी है।
दरअसल, पाकिस्तान टीम मैनेजमेंट उस्मान तारिक को बेहद रणनीतिक तरीके से इस्तेमाल कर रहा है। हाल ही में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ तीन मैचों की टी20 इंटरनेशनल सीरीज में उन्हें सिर्फ एक ही मुकाबले में मौका दिया गया। न पहले मैच में और न ही तीसरे मैच में उन्हें प्लेइंग इलेवन में शामिल किया गया, जिससे यह कयास लगने लगे कि टीम उन्हें जानबूझकर “छुपाकर” रख रही है।
अलग ऐक्शन बना चर्चा का कारण
उस्मान तारिक का बॉलिंग ऐक्शन सामान्य स्पिनरों से अलग है। गेंद डालते समय उनका साइड-आर्म एक्शन और हल्का सा पॉज कई लोगों को खटक रहा है। इसी वजह से सोशल मीडिया और क्रिकेट हलकों में उनके ऐक्शन को लेकर संदेह जताया जाने लगा।

अंपायर अनिल चौधरी ने बताई सच्चाई
इस विवाद पर अंतरराष्ट्रीय और आईपीएल जैसे बड़े टूर्नामेंट्स में अंपायरिंग कर चुके अनिल चौधरी ने प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सोशल मीडिया पर साफ शब्दों में कहा कि आईसीसी के नियमों के तहत उस्मान तारिक का बॉलिंग ऐक्शन पूरी तरह वैध है।
अनिल चौधरी के मुताबिक, “उनका ऐक्शन थोड़ा अलग जरूर है, लेकिन इसमें हाथ को मोड़ने या सीधा करने जैसी कोई अवैध हरकत नहीं दिखती। उनकी सभी गेंदें एक जैसी हैं और आईसीसी गाइडलाइंस के अनुसार यह ऐक्शन लीगल है।”
कम मैच, ज्यादा असर
भले ही उस्मान तारिक को अब तक ज्यादा मौके नहीं मिले हों, लेकिन उनके आंकड़े प्रभावशाली हैं। पिछले तीन महीनों में उन्होंने तीन टी20 इंटरनेशनल मैच खेले हैं और इन तीनों मुकाबलों में कुल 8 विकेट चटकाए हैं। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ लाहौर में खेले गए एक मैच में उन्होंने 2.4 ओवर में सिर्फ 16 रन देकर 2 विकेट लिए थे।
पाकिस्तान टीम उन्हें एक ‘मिस्ट्री बॉलर’ के तौर पर देख रही है, और शायद यही वजह है कि उनका सीमित इस्तेमाल किया जा रहा है। फिलहाल, अंपायर की पुष्टि के बाद यह साफ हो गया है कि उस्मान तारिक का ऐक्शन नियमों के दायरे में है, और आने वाले बड़े मुकाबलों में वह पाकिस्तान के लिए अहम भूमिका निभा सकते हैं।
